SURAJPUR NEWS.छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले से साइबर अपराध का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। साइबर ठगों ने अब प्रदेश की कैबिनेट मंत्री को निशाना बनाया है। महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े का व्हाट्सएप अकाउंट कथित तौर पर हैक कर लिया गया है। आरोप है कि उनके नाम और मोबाइल नंबर का इस्तेमाल कर लोगों को मैसेज भेजे जा रहे हैं और उनसे पैसों की मांग की जा रही है। इतना ही नहीं, ऑनलाइन भुगतान के लिए QR कोड भी भेजे जा रहे हैं।
सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान हुआ मामले का खुलासा
जानकारी के मुताबिक, मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े एक सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल थीं। इसी दौरान एक पार्टी कार्यकर्ता ने उन्हें बताया कि उनके मोबाइल नंबर और व्हाट्सएप के जरिए लोगों को संदेश भेजकर रुपये मांगे जा रहे हैं। मैसेज में ऑनलाइन भुगतान के लिए QR कोड भी साझा किया जा रहा था। यह जानकारी मिलते ही मंत्री को साइबर ठगी की आशंका हुई और उन्होंने मामले को गंभीरता से लिया।
गौरतलब है कि इससे पहले मंत्री के निज सहायक ओमप्रकाश राजवाड़े का मोबाइल फोन हैक होने की घटना भी सामने आई थी। अब खुद मंत्री के व्हाट्सएप अकाउंट से जुड़ा मामला सामने आने के बाद साइबर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
पुलिस और साइबर सेल से की शिकायत
मामले की गंभीरता को देखते हुए मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने तत्काल पुलिस और साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के बाद अब तकनीकी जांच के जरिए इस पूरे मामले की पड़ताल किए जाने की बात सामने आई है। जांच में ठगी के लिए इस्तेमाल किए जा रहे नंबर, मैसेज और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान करने में मदद मिल सकती है।
मंत्री ने सोशल मीडिया पर जारी की चेतावनी
घटना के बाद मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेज के माध्यम से लोगों को सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके नाम या मोबाइल नंबर से यदि कोई व्यक्ति पैसों की मांग करता है, तो उस पर बिना पुष्टि किए भरोसा न करें।
मीडिया से बातचीत के दौरान मंत्री ने कहा कि डिजिटल दौर में लोग अक्सर परिचितों और भरोसेमंद लोगों के नाम पर आए संदेशों को सही मानकर तुरंत ऑनलाइन लेन-देन कर देते हैं। साइबर अपराधी इसी भरोसे का फायदा उठाकर लोगों को ठगी का शिकार बनाने की कोशिश करते हैं।
आम जनता और कार्यकर्ताओं से की खास अपील
मंत्री ने सूरजपुर जिले, अपने विधानसभा क्षेत्र और पूरे छत्तीसगढ़ के नागरिकों व पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की है कि उनके नाम या नंबर से आने वाले किसी भी संदिग्ध मैसेज पर भरोसा न करें। किसी भी बैंक खाते या QR कोड के जरिए पैसे भेजने से पहले संबंधित व्यक्ति से दूसरे माध्यम से संपर्क कर पुष्टि जरूर करें।