Masters Hockey Cup नई दिल्ली, 4 सितंबर। उम्र चाहे जो हो, जज्बा अगर मैदान पर कायम हो तो जीत की राह खुद बनती है। मास्टर्स हॉकी कप 2026 में छत्तीसगढ़ की महिला हॉकी टीम ने इसी जज्बे की मिसाल पेश की है। टीम ने लगातार दो शानदार जीत दर्ज करते हुए टूर्नामेंट के फाइनल में जगह बना ली है।
छत्तीसगढ़ ने पहले मुकाबले में हिमाचल प्रदेश को पूरी तरह एकतरफा मुकाबले में 6-0 से शिकस्त दी। शुरुआत से ही छत्तीसगढ़ की खिलाड़ियों ने आक्रामक हॉकी खेली और हिमाचल की टीम को संभलने का मौका नहीं दिया। टीम की ओर से दीपिका, ललिता, अंकिता, बबली, योजना और रुचि ने एक-एक गोल किया।
इसके बाद सेमीफाइनल में मुकाबला और भी रोमांचक रहा। महाराष्ट्र के खिलाफ छत्तीसगढ़ ने 2-1 से जीत दर्ज कर फाइनल का टिकट कटाया। दोनों टीमों के बीच मुकाबले में जोरदार संघर्ष हुआ, लेकिन छत्तीसगढ़ की खिलाड़ियों ने दबाव के बीच धैर्य बनाए रखा। दीपिका और ललिता के गोल टीम की जीत के लिए निर्णायक साबित हुए।
अनुभव, फिटनेस और टीमवर्क बना जीत का आधार
छत्तीसगढ़ की टीम ने टूर्नामेंट में सिर्फ अपने खेल से ही नहीं, बल्कि फिटनेस, अनुशासन और टीम भावना से भी प्रभावित किया है। मैदान पर खिलाड़ियों के बीच शानदार तालमेल दिखाई दिया। मुश्किल परिस्थितियों में भी एक-दूसरे का हौसला बढ़ाते हुए टीम ने जीत की ओर कदम बढ़ाए।
अब छत्तीसगढ़ की बेटियों की नजर मास्टर्स हॉकी कप के खिताब पर है। लगातार दो जीत के बाद टीम का आत्मविश्वास बुलंद है और फाइनल में भी खिलाड़ी इसी जोश के साथ उतरने की तैयारी में हैं।
इन खिलाड़ियों की कहानी खास इसलिए भी है क्योंकि उन्होंने साबित किया है कि खेल में उम्र कभी जुनून के आड़े नहीं आती। मेहनत, फिटनेस और जीतने का जज्बा हो तो मैदान पर किसी भी चुनौती को मात दी जा सकती है।
ये खिलाड़ी कर रहीं छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व
मास्टर्स हॉकी कप 2026 में छत्तीसगढ़ की टीम में मोनिका वैरागड़े, दीपिका वैरागड़े, सविता चंद्राकर, शोभा वार्टी, सुरेखा यादव, ललिता, सुरभि मरकाम, आरती सेढे, अंकिता पांडे, योजना, रुचि, बबली कुमारी, हेमलता और सुमन शामिल हैं।
अब फाइनल में इन खिलाड़ियों के सामने सबसे बड़ी चुनौती खिताब अपने नाम करने की है। प्रदेश के खेलप्रेमियों की नजरें भी इस मुकाबले पर टिकी हैं। उम्मीद है कि छत्तीसगढ़ की ये अनुभवी बेटियां फाइनल में भी दमदार प्रदर्शन कर प्रदेश के लिए ट्रॉफी लेकर लौटेंगी।