BIJAPUR NEWS. छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आवापल्ली थाना क्षेत्र के ग्राम मुरदण्डा में सरपंच, उपसरपंच और एक ग्रामीण को धमकी देने वाले नक्सली पर्चे मिलने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। मौके से कुल सात धमकीपूर्ण पर्चे बरामद किए गए। पर्चों के सामने आने के बाद ग्रामीणों में डर का माहौल बन गया। मामले की शिकायत मिलने पर पुलिस ने जांच शुरू की।
जांच में सामने आई पर्चों की पूरी कहानी
पुलिस की विवेचना में सामने आया कि यह मामला नक्सली संगठन से जुड़ा होने के बजाय कथित तौर पर माओवाद की आड़ में भय का माहौल बनाने की साजिश थी। पुलिस के मुताबिक, जमीन से अवैध कब्जा हटाए जाने के बाद संदीप मड़कम ने नागेश बोड़के के साथ मिलकर धमकीपूर्ण पर्चे तैयार किए। आरोप है कि दोनों ने लोगों के बीच डर पैदा करने के इरादे से इन पर्चों को रास्ते में फेंका था।
दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
मामले की जांच के बाद पुलिस ने संदीप मड़कम और नागेश बोड़के को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और छत्तीसगढ़ जनसुरक्षा अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की है। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि धमकीपूर्ण पर्चे तैयार करने और उन्हें फैलाने के पीछे आरोपियों की क्या मंशा थी।
पुलिस ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने स्थानीय लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। साथ ही किसी भी संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति के बारे में तत्काल पुलिस को सूचना देने को कहा गया है। पुलिस का कहना है कि इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। मामले की आगे की जांच जारी है।